अल्मोड़ा बस दुर्घटना की वजह बनी ड्राइवर का मानसिक तनाव, जानिए किस बात से परेशान था ड्राइवर
अल्मोड़ा: सोमवार 4 नवंबर का दिन उत्तराखंड के लिए बेहद दुखद भरा दिन था मानो कल का दिन 36 परिवारों के लिए काल बन कर उदय हुआ था। कल सुबह पौड़ी से खचाखच भरी निजी बस रामनगर जा रही थी लेकिन अल्मोड़ा जिले के सल्ट में कूपी गांव के पास बस अनियंत्रित होकर करीब 150 फुट गहरी खाई में गिर गई। जिसने पूरे प्रदेश का हृदय झंकझोर कर रख दिया। खाई में बस के गिरते ही चीख पुकार मच गई। सवारियों से खचाखच भरी बस में ज्यादातर वो लोग सवार थे जो दिवाली की छुट्टी खत्म होने में बाद बापिस अपने कामों पर लौट रहे थे लेकिन उन्हें क्या मालूम था कि वह अपनी मंजिल तक नही पहुंच पाएंगे।
घटना होने के बाद कूपी गांव और आसपास के क्षेत्र के कुछ युवा मौके पर पहुंचे। जिन्होंने घायलों को बाहर निकालना शुरू किया। साथ ही प्रशासन को सूचना दी। घायलों को निजी वाहनों से देवायल और रामनगर के अस्पताल ले जाया गया।
बस चालक दिनेश सिंह निवासी भैरंगखाल, सल्ट मानसिक रूप से परेशान था। उसे बार-बार रुपयों के लिए फोन आ रहा था। यह बात रामनगर अस्पताल में भर्ती घायल हरीश चंद्र पोखरियाल ने बताई। घायल हरीश चंद्र पोखरियाल के अनुसार, वह चालक के पास वाली सीट पर बैठे थे। चालक को मानसिक तनाव में देख यात्रियों ने पूछा तो उसने बताया कि ढाई लाख रुपये किसी को देने हैं। यात्रियों ने उसे हिम्मत दी। तनाव के बीच एक मोड़ पर उसने वाहन से नियंत्रण खोया और बस खाई में गिर गई।